गोरखपुर : मेरा नाम ‘ठाकुर विनय कुमार सिंह’ था अब मुझे ‘मुहम्मद इस्लाम ठाकुर’ के नाम से जाना जायेगा!
Posted by newseditor
दौरे हयात आएगा क़ातिल क़ज़ा के बाद
है इब्तिदा हमारी तेरी इन्तिहा के बाद
क़त्ले हुसैन असल में मिरगे यजीद है
इस्लाम ज़िन्दा होता है हर कर्बला के बाद
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मज़हबे इस्लाम ने दुनियां को आज की सबसे खूसबूरत तहज़ीब दी है, मुसल
मानों ने दुनियां को विग्यान, अलजेब्रा, चाँद सूरज की गर्दिश, ज़मीन का आकार, मेडिकल साइंस, आयुर्वेद का खज़ाना और न जाने क्या क्या दिया है, हाल के समय में अरब के कई देशों में चल रहे खून खराबे को लेकर दुनियां के देश और भारत में कट्टरपंथी सवाल उठाते हैं ये जानते हुए भी कि अरब में जंग अमेरिका और रूस लड़ रहे हैं, शीत युद्ध की समाप्ति के बाद भी युद्ध जारी है बस मैदान बदल गया है| भारत के कट्टरपंथी सवाल करते हैं कि मुसलमानों के कारण आतंकवाद है और इस्लाम धर्म आतंकवाद की शिक्षा देता है, जबकि ये कट्टरपंथी खुद भी जानते हैं कि आतंकवाद के क्या कारण हैं और कौन आतंकवाद फैला रहा है मगर मुस्लिम दुश्मनी के कारण इनको सच्चाई कबूल करने में समस्या है!
हकीम लुकमान इस धरती पर आयुर्वेद के जनक हैं, उनका समय कितना लम्बा था ये इस बात से समझा जा सकता है कि लुकमान हकीम की अपने जीवन में 400 से ज़ियादा नबियों से मुलाकात रूबरू हुई थी| अल्लाह ने उनके हाथ में ऐसा शिफा दिया था कि जिसको जो भी जड़ी बूटी दे दी वह उसकी बीमारी में काम आयी|
भारत में 760 साल तक मुस्लिम राज रहा और इस काल में कोई एक भी उदाहरण कोई एक भी इतिहासकार (संघी विद्वानों) को छोड़ कर नहीं दे सकता जहाँ मुस्लिम साशकों ने धर्म के आधार पर भेदभाव किया हो या धर्म के प्रचार का काम किया हो, फिर भी न सिर्फ भारतीय उपमहाद्वीप बल्कि दुनियां को कोने कोने में इस्लाम फैला है| इस्लाम के फैलाव का मुख्या कारण है रसूल अल्लाह की ज़ात, क़ुरआन की शिक्षाएं, मुसलमानों का चाल चलन!
ये एक खबर उत्तर प्रदेश के जनपद गोरखपुर से है जहाँ हिन्दू ठाकुर ने इस्लाम अपनाया है
भाईयों पहले मेरा नाम ठाकुर विनय कुमार सिंह था
गोरखपुर के बांस गाव से हूँ
लेकिन अब मुझे भविष्य में मुहम्मद ईस्लाम ठाकुर के नाम से जाना जायेगा और हाँ मेरे इस्लामिक भाईयों से दरखास्त है कि भाईयो मुझे भी दिन की राह में जोड़े और मेरा वाटसब नम्बर है : 9557947800